अब संभव नहीं है

अब संभव नहीं है

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पिता – एक ज़माना था जब मैं सिर्फ 10 रुपए में ही किराना, दूध, सब्जी और नाश्ता लेकर आता था.

पुत्र – अब संभव नहीं है पिताजी क्योंकि अब वहाँ सीसीटीवी कैमरा लगा होता है …. !

Sent By : Ruhi, Delhi.

 

17 COMMENTS

  1. ek baar galib sahab apne premika ke ghar ke bahar su su karte pakade gaye to unhone sher padhi ki tere pyar me kitna dukhi hai galib tere pyar me kitna dukhi hai galib ki aansu bhi nikal rahe hai rasta badal badal ke

  2. यार १० रूपये ही क्यों देके आता था? महंगाई के ज़माने में और क्या किया जाये मुह पर कपडा लपेट कर चला जाया कर कोन उसमे कोन पहचानेगा?

  3. जब लाइट नहीं हो तब तीन घंटा बाद जाना और ट्रक भर कर लाना

  4. माल में स्टाफ का यूनीफोर्म पहन कर जा कोई नही पहचानेगा

  5. Rishto Me Pyar Ki Mithas रहे, न मिटने wala Ek Ehsas रहे, KahneKo तो छोटी सी है Zindagi, मगर Lambi Ho JaayeAgarAapka साथ रहे . Good morning

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